Foothpath par Sote Log Par Feature


फुटपाथ पर सोते लोग ; विषय पर फीचर लिखिए।
महानगरों में सुबह सैर पर निकलिए, एक तरफ आप स्वास्थ्य लाभ करेंगे तो दूसरी तरफ आपको फुटपाथ पर सोते हुए लोग नजर आएँगे। महानगर जिसे विकास का आधार-स्तंभ माना जाता है, वहीं पर मानव-मानव के बीच इतना अंतर है। यहाँ पर दो तरह के लोग हैं- एक उच्च वर्ग जिसके पास उद्योग, सत्ता, धन है, जो हर सुख भोगता है, जिसके पास बड़े-बड़े भवन हैं तथा जो महानगर के जीवनचक्र पर प्रभावी है। दूसरा वर्ग वह है जो अमीर बनने की चाह में गाँव छोड़कर आता है तथा यहाँ आकर फुटपाथ पर सोने के लिए मजबूर हो जाता है। इसका कारण उसकी सीमित आर्थिक क्षमता है। महँगाई, गरीबी आदि के कारण इन लोगों को भोजन ही मुश्किल से नसीब होता है। घर इनके लिए एक सपना होता है। इस सपने को पूरा करने के लिए अकसर छला जाता है यह वर्ग। सरकारी नीतियाँ भी इस विषमता के लिए दोषी हैं। सरकार की तमाम योजनाएँ भ्रष्टाचार के मुँह में चली जाती है और गरीब सुविधाओं की बाट जोहता रहता है।

Comments

Post a comment