Hindi Language Promotion and Development: Nukta By Avinash Ranjan Gupta

Friday, 22 April 2016

Nukta By Avinash Ranjan Gupta

नुक़ता/ नुक्ता
          नुक्ते के हेर-फेर से ख़ुदा भी ज़ुदा हो जाता है, जैसे ख़ुदा लिखते समय के नीचे नुक्ते का प्रयोग करना ज़रूरी है, ऐसा नहीं होने पर खुदाई की गई ज़मीन या अंग्रेज़ी में Dig समझा जाएगा।
          जैसा कि हम पहले ही पढ़ चुके हैं कि हिन्दी भाषा में अनेक भाषाओं के शब्दों का प्रयोग होता है। हिन्दी भाषा में प्रयोग में लाई जाने वाली नुक़ता युक्त शब्द आगत या विदेशज शब्द (Foreign Words)का उदाहरण है
नुक्ते का प्रयोग
नुक्ते का प्रयोग केवल पाँच ही व्यंजन वर्णों में होता है- ,,,,
,, में प्रयुक्त नुक्ते के प्रयोग में काफी न्यूनता आ गई गई है परंतु , में इसकी उपयोगिता बनी हुई है। नुक्ते वाले शब्द अंग्रेज़ी, अरबी, फ़ारसी, या किसी भी और भाषा के हो सकते हैं पर भारतीय मूल के शब्द नहीं
नुक्ते वाले व्यंजन वर्णों का उच्चारण
          नुक्ते का प्रयोग केवल पाँच ही व्यंजन वर्णों में होता है- ,,,, । इनमें से ’, ’, व्यंजन वर्णों के उच्चारण में कंठ में ज़रा ज़्यादा दबाव देना पड़ता है। व्यंजन वर्ण का उच्चारण अंग्रेज़ी के ‘Z’ की तरह होता है और के उच्चारण में होठों से ऊष्म वायु अधिक निसृत (निकालना) होती है।
नुक्ते के प्रयोग से आने वाले अंतर
ज़रा = थोड़ा
जरा = बुढ़ापा
फ़न = कौशल
फन = साँप का शीर्ष भाग
सज़ा = दंड
सजा = सजाना
तेज़ = द्रुत
तेज = चमक
गज़ = नापने की इकाई
गज = हाथी
गरज़ = मज़बूरी
गरज=बादलों का गरजना 
ज़ाली = नकली
जाली = झीनीदार कपड़ा/Net
ज़माना = दुनिया
जमाना = ठंडा करना
राज़ = रहस्य
राज = शासन